इस बीमारी से ग्रसित व्यक्ति को आता है आत्महत्या तक का ख्याल

बायपोलर डिसऑर्डर एक मानसिक बीमारी है। इससे पीड़ित व्यक्ति या तो लंबे समय तक नकारात्म सोचता है, या फिर बहुत अधिक खुश होने लगता है, वो भी अकारण। कई बार इस बीमारी से ग्रसित व्यक्ति को आत्महत्या तक का ख्याल आता है।

सुपरहिट फिल्‍म ‘पिंक’ में अमिताभ बच्‍चन भी इसी बीमारी के शिकार थे। बायपोलर उदासी के समय में मन में काफी नकारात्मक विचार आते हैं साथ ही कई बार मन में ऊंचे-ऊंचे विचार आते हैं। आंकड़ों की मानें तो यह बीमारी लगभग 100 में से एक व्यक्ति को जीवन में कभी ना कभी होती है। इस बीमारी की शुरुआत अक्सर 14 साल से 19 साल के बीच होती है। इस बीमारी से पुरुष तथा महिलाएं दोनों ही समान रूप से प्रभावित होते हैं। यह बीमारी 40 साल के बाद बहुत कम ही शुरु होती है।

हालांकि इस बीमारी की वजह का ठीक ठीक पता नहीं चल सका है। विशेषज्ञों की राय में अत्यधिक तनाव की वजह से इस तरह की बीमारी की शुरुआत होती है। लक्षणों की बात करें तो इसमें मरीज के मन में बहुत ज्‍यादा उदासी, किसी भी काम में मन न लगना, चिड़चिड़ापन, घरबराहट, भविष्‍य के बारे में निराशा जैसे लक्षण दिखाई देते हैं।