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सेठ अमीरचंद के पास अपार धन दौलत थी – उसे हर तरह का आराम था, लेकिन…

सेठ अमीरचंद के पास अपार धन दौलत थी। उसे हर तरह का आराम था, लेकिन उसके मन को शांति नहीं मिल पाती थी। हर पल उसे कोई न कोई चिंता परेशान किये रहती थी। एक दिन वह कहीं जा रहा था तो रास्ते में उसकी नजर एक आश्रम पर पड़ी। वहाँ उसे किसी साधु के प्रवचनों की आवाज सुनाई दी। …

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प्रेरक प्रसंग: महात्मा जी भिक्षा मांगने जा रहे थे, सड़क पर एक सिक्का दिखा…

एक दिन महात्मा जी भिक्षा मांगने जा रहे थे, सड़क पर एक सिक्का दिखा, जिसे उठाकर उन्होंने झोली में रख लिया। उमके साथ जा रहे दोनों शिष्य इससे हैरान हो गए। वे मन में सोच रहे थे कि काश सिक्का उन्हें मिलता, तो वे बाजार से मिठाई ले आते। महात्मा जी जान गए। वह बोले यह साधारण सिक्का नहीं है, …

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फिल्मों के माध्यम से मातृभाषा, संस्कृति और साहित्य को बढ़ावा देना चाहते हैं नितिन चंद्रा

राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता, फिल्म निर्माता और निर्देशक नितिन चंद्रा ने कहा है कि वह हमेशा अपनी फिल्मों के माध्यम से मातृभाषा संस्कृति और साहित्य को बढ़ावा देना चाहते हैं । नितिन चंद्रा सोमवार को मुंबई में मीडिया से बातचीत की ।  बिहार के रहने वाले नितिन चंद्रा ने भोजपुरी में ‘देसवा’ बनाई थी जो की गोवा में होने वाले भारतीय …

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राजस्थान स्थापना दिवस: कलाकारों ने मोह लिया दर्शकों का मन

राजस्थान के 70 वें स्थापना दिवस पर शनिवार को शाम नई दिल्ली में  राजस्थान पर्यटन विभाग द्वारा आयोजित राजस्थान दिवस समारोह में प्रदेश के विभिन्न अंचलों से आये लोक कलाकारों ने राजस्थान के विश्व प्रसिद्ध लोक नृत्य कालबेलिया, चरी, चकरी, घूमर, कच्ची घोड़ी, बृज की होली आदि नृत्यों के साथ ही खड़ताल व भपंग वादन प्रस्तुत करदर्शकों का मन मोह …

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स्‍वतंत्र मीडिया लोकतंत्र की आधारशिला है – वेंकैया नायडू

उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू ने कहा है कि स्‍वतंत्र मीडिया लोकतंत्र की आधारशिला है और इसे लोकतंत्र का चौथा स्तंभ कहा जाता है। नई दिल्ली में भारतीय जनसंचार संस्थान में प्रथम अटल बिहारी वाजपेयी स्‍मारक व्याख्यान देते हुए वेंकैया नायडू ने कहा कि स्‍वतंत्र मीडिया वास्‍तव में लोकतंत्र को बनाये रखने में एकबड़ी भूमिका निभाता है। उन्होंने ने पेड न्यूज …

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कश्मीर की खून से लथपथ घाटी की एक प्रेम कहानी है “नो फादर्स इन कश्मीर”

कश्मीर घाटी पर बनी मर्मस्पर्शी फिल्म, नो फादर्स इन कश्मीर का ट्रेलर रिलीज़ हो गया और फिल्ममेकर महेश भट्ट बताते हैं की यह एक चौकाने वाली फिल्म हैं. ट्रेलर लांच पर उपस्थित महेश भट्ट ने कहा, “यह एक चौंका देने वाली, दिल टूटने वाली फिल्म है। अश्विन हिम्मत वाला डायरेक्टर हैं जिसने अन्धकार को दिखाया जिससे हमें रौशनी देखने की …

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मैं अपना नाम खुद बनाना चाहती हूँ

अभिनेत्री प्रनुतन बहल, जो ‘नोटबुक’ नामक फिल्म से अपनी पहली हिंदी फिल्म की शुरुआत कर रही हैं, उनका कहना है कि वह अपनी हर फिल्म के साथ एक अभिनेत्री के रूप में अपने खेल को आगे बढ़ाना चाहती हैं। प्रनूतन बहल मुंबई में सोमवार को अपने सह-अभिनेता ज़हीर इकबाल के साथ ‘नोटबुक’ का प्रचार करने के लिए मीडिया के साथ …

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अंतराष्ट्रीय महिला दिवस: हर क्षेत्र में अपनी भागीदारी निभा रही है महिलाएं

पूरे विश्व में 8 मार्च को अंतराष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जाता है। अंतराष्ट्रीय महिला दिवस मनाये जाने का उद्देश्य समाज में महिलाओ को बराबरी का दर्जा दिलाना और समान अधिकारों की रक्षा करना है। स्त्री ने स्वयं की शक्ति को पहचान लिया है और काफ़ी हद तक अपने अधिकारों के लिए लड़ना सीख लिया है।महिलाएं पुरुषो के साथ कन्धा से …

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अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस: सहानूभूति नहीं साथ और समर्थन चाहिए

रोज़ सवेरे अखबार में हम औरतों के खिलाफ हो रहे अत्याचारों की ख़बरें बड़े – बड़े काले अक्षरों में पढ़ते हैं। कभी कन्या भ्रूण हत्या तो कभी गेंग रेप, कभी कचरा पात्र में मिली नवजात तो कभी अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच झूझ रही एक पीडिता। ऐसे ही न जाने कितने अनगिनत वारदातें हैं जिन्हें हम रोज़ाना पढ़कर …

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शिक्षा ऐसी होनी चाहिए जो जागरुक बनाने में सहायक बने

उपराष्‍ट्रपति एम. वैंकेया नायडू ने कहा है कि स्‍कूलों,कॉलेजों और विश्‍वविद्यालयों में दी जाने वाली शिक्षा ऐसी होनी चाहिए जो व्‍यक्ति में आत्‍मज्ञान का बोध कराने के साथ ही उसे प्रबुद्ध और जागरुक बनाने में सहायक बने। श्री नायडू आज हैदराबाद में आंध्र विद्यालय कॉलेज ऑफ आर्ट, साइंस एंड कामर्स के दीक्षांत समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर …

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