“पतंजलि कोरोनिल” पर चिकित्सा मंत्री ने कहा – बाबा रामदेव ने मजाक बना कर रख दिया है, उन्हे सजा मिलनी चाहिए

पतंजलि के कोरोनिल टैबलेट पर विवाद बढ़ता ही जा रहा है। पहले आयुष मंत्रालय ने संज्ञान लेते हुए कोरोनिल टैबलेट के विज्ञापन पर रोक लगा दी फिर कई तरह की बातें सामने आते रही।

अब राजस्थान के चिकित्सा मंत्री डॉ.रघु शर्मा ने कहा है कि बाबा रामदेव ने मजाक बना कर रख दिया है, उन्होंने नियमों को दरकिनार किया है। रघु शर्मा का यह भी कहना है कि बिना इजाजत के दवा का क्लिनिकल ट्रायल करना गलत है। यह अपराध है। बाबा रामदेव और उनके साथियों ने अपराध किया है। कानून के हिसाब से यह ट्रायल गलत है, उन्हे सजा मिलनी चाहिए और कार्रवाई होनी चाहिए।

डॉ. शर्मा ने कहा कहा कि राज्य की एक प्रावइेट यूनिवर्सिटी में मरीजों पर ट्रायल किया गया और हमें इस बात की जानकारी ही नहीं है। इस मामले में बाबा रामदेव, आचार्य बालकृष्ण व जयपुर की नेशनल इंस्टीट्यृट ऑफ मेडिकल साइंस यूनिवर्सिटी (निम्स) के चेयरमेन डॉ.बलबीर सिंह तोमर के खिलाफ जयपुर के गांधीनगर पुलिस थाने में परिवाद पेश किया गया है । परिवाद पेश होने के बाद बुधवार को पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी ।

अगले एक-दो दिन में डॉ.संजीव गुप्ता, पतंजलि संस्थान के प्रतिनिधियों व निम्स के चेयरमेन बी.एस.तोमर के बयान लिए जाएंगे। इसके बाद केंद्रीय आयुष मंत्रालय से भी मामले की जानकारी मांगी जाएगी। आवश्यक्ता होने पर जयपुर से पुलिस की टीम आयुष मंत्रालय एवं हरिद्वार स्थित पतंजलि संस्थान के मुख्यालय में जाएगी।

हालांकि आचार्य बालकृष्ण ने कहा है कि आयुष मंत्रालय को सारी जानकारी उपलब्ध करा दी गई है। उन्होंने आयुष मंत्रालय को भेजे गए पत्रों तथा सभी कागजातों को भी शेयर किया है।

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