5 ग्राम से ज्यादा नमक खाया तो हो सकता है खतरनाक, जानिए एक्सपर्ट्स की चेतावनी

शरीर में ज्यादा नमक कई तरह तरह के बीमारियों को बुलावा देता है। हेल्थियंस में छपी एक रिपोर्ट के अनुसार डब्लूएचओ भी पूरे दिन में सिर्फ 5 ग्राम नमक खाने की ही सलाह देता है। इस मामले में भारतीय काफी आगे हैं यानि लोग एक दिन में लगभग 10 ग्राम नमक खाते हैं। कई लोग जानकारी के अभाव में भी ज्यादा नमक खाते हैं। आइए जानते हैं अधिक नमक खाने के क्या-क्या हैं नुकसान।

ब्लडप्रेशर- कई बार चक्कर आने या आंखों के आगे अंधेरा छाने की शिकायत पर लोग नमक खाने को कहते हैं। ये सभी लक्षण लो ब्लडप्रेशर के हैं जिसमें नमक खाना फायदेमंद हो सकता है। पर अधिक नमक खाने से हाई ब्लडप्रेशर का खतरा भी बढ़ जाता है। और हाई ब्लडप्रेशर हार्ट अटैक, स्ट्रोक, डेमेंशिया जैसी कई घातक बीमारियों को बुलावा देता है। हाई ब्लडप्रेशर की पहचान भी तुरंत नहीं हो पाती है।
स्ट्रोक- संतुलित मात्रा में नमक खाने से स्ट्रोक होने की संभावना घट जाती है। दिमाग के ब्लड वेसल्स में ब्लॉकेज होने पर स्ट्रोक की स्थिति पैदा होती है। ज्यादातर लोगों को लगता है कि उम्र बढ़ने के साथ स्ट्रोक होने का खतरा भी बढ़ता है पर हेल्दी लाइफस्टाइल और संतुलित आहार लेने से इसे रोका जा सकता है। इसके अलावा शरीर में ज्यादा नमक से इंसान की याददाश्त पर भी असर पड़ता है।
वाटर रिटेंशन- जहां सही मात्रा में लिया हुआ नमक शरीर को डीहाइड्रेट होने से बचाता है वहीं अधिक इस्तेमाल करने पर यह शरीर में पानी को बढ़ाता है। इससे आपको आपका शरीर फूला हुआ महसूस होने लगता है। इसलिए खाने में कितना नमक डालना है, यह आप पहले से निश्चय कर लें।
कोरोनरी हार्ट डिजीज- यह बीमारी ब्लड वेसल्स के मोटे और डैमेज हो जाने पर होता है। इन डैमेज वेसल्स से दिल तक खून कम मात्रा में पहुंचता है जिससे दिल का दौरा पड़ने का खतरा बढ़ जाता है। नमक के कंसम्पशन को कम करके हम इस बीमारी से बच सकते हैं।
पेट का कैंसर- अधिक नमक खाने से आपको पेट का कैंसर भी हो सकता है। नमक में मौजूद एक बैक्टीरिया हेलिकोबैक्टर पिलोरी पेट में सूजन को बढ़ाते हैं। इस बैक्टीरिया के पेट में बढ़ने से अल्सर और कैंसर जैसी भयावह बीमारियां हो सकती हैं।

ऑस्टियोपोरोसिस- खाने में अधिक नमक से हड्डियों में कैल्शियम की मात्रा कम हो जाती है। पेशाब के जरिये कैल्शियम निकलते जाता है। ऐसे में लोगों को ऑस्टियोपोरोसिस बीमारी का होने का खतरा बढ़ जाता है। इस बीमारी में हड्डियां कमजोर हो जाती हैं और उनके जल्दी टूटने की भी संभावनाएं बढ़ जाती हैं।
किडनी स्टोन- कम मात्रा में नमक का इस्तेमाल एल्बुमिनुरिया के खतरे को कम करता है, जो गुर्दे के खराब होने का प्रमुख लक्षण है। अगर आपके भोजन में सोडियम की बहुत अधिक मात्रा होती है तो ये आपके लिए खतरनाक साबित हो सकता है, ऐसे में पथरी होने का खतरा बढ़ता है। नमक में सोडियम की मात्रा अधिक होती है इसलिए किडनी को हेल्दी रखने के लिए कम नमक खाना चाहिए।

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