इन तीन आसनों से पाएं रीढ़ की हड्डी के दर्द से निजात

रीढ़ की हड्डी हमारे शरीर का आधार होती है अगर यह हड्डी जरा सी भी अपनी जगह से हिल जाती है तो यह कई तरह के दर्द को जन्म देती है । अगर रीढ़ की हड्डी टेढ़ी हो जाती है तो हमारा शरीर देखने में भद्दा लगने लगता है। रीढ़ की हड्डी की समस्याओं का मुख्य कारण हमारे बैठने एवं सोने का तरीका होता है। अगर हम गलत तरीके से बैठते हैं या सोते हैं तो रीढ़ की हड्डी में प्रॉब्लम्स शुरू हो जाती हैं। लेकिन योग एक ऐसा साधन है जिससे हम इस दर्द से छुटकारा पा सकते हैं ।आज हम आपको यहाँ बताने जा रहें हैं कुछ ऐसे योगासन जिनसे हम पा सकते है रीढ़ की हड्डी की समस्याओं से निजात:

भुजंगासन – रीढ़ की हड्डी के लिए भुजंगासन सबसे बेहतर व्यायाम है। इसे करने के लिए सबसे पहले पेट के बल जमीन पर लेट जाइए। दोनों पैर सीधे करके मिला लीजिए। फिर दोनों हाथों को चेहरे के सामने रख लीजिए। दोनों हाथ की उंगलियों को पान का आकार दीजिए। उस आकार में अपनी ठोड़ी को रख लीजिए। सांस भरते समय धीरे-धीरे दोनों हाथों को सीधा कीजिए। कुछ समय तक इसी स्थिति में रुकिए। फिर धीरे-धीरे सांस छोड़ते हुए पहले वाली स्थिति में आ जाइए।

मकरासन – मकरासन करने के लिए पेट के बल सपाट लेट जाइए। कुहनियों के सहारे सिर और कंधों को उठाइए और हथेलियों पर ठोड़ी को टिका दीजिए। आंखों को बंद करके पूरे शरीर को ढीला छोड़ दीजिए।

ताड़ासन – ताड़ासन करने के लिए सबसे पहले आप खड़े हो जाएं। अब अपने कमर एवं गर्दन को सीधा रखें। अपने हाथ को सिर के ऊपर करें और सांस लेते हुए धीरे-धीरे पूरे शरीर को खींचें। खिंचाव को पैर की अंगुली से लेकर हाथ की अंगुलियों तक महसूस करें। इस अवस्था में कुछ देर तक बने रहें और सांस खींचे। अब सांस छोड़ते हुए धीरे-धीरे अपने हाथ एवं शरीर को पूर्व अवस्था में लेकर आयें। ऐसे ही कम से कम तीन से चार बार अभ्यास करें।

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