झारखंड विधानसभा की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित, 3 विधेयकों को मिली मंजूरी

झारखंड विधानसभा का मॉनसून सत्र आज अनिश्चितकाल के लिए स्थगित हो गया।

विधानसभा अध्यक्ष रबीन्द्रनाथ महतो ने मॉनसून सत्र की कार्यवाही को अपने निर्धारित तिथि से एक दिन पहले ही आज अनिश्चितकाल के लिए स्थगित करने की घोषणा की। इससे पहले मॉनसून सत्र के पांचवें दिन सदन ने तीन विधेयकों को मंजूरी प्रदान की। इस सत्र की कार्यवाही 5 अगस्त तक निर्धारित थी, लेकिन एक दिन पहले ही सत्र की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गयी।

पूर्वाह्न 11 बजे विधानसभा की कार्यवाही शुरू होने के साथ ही संसदीय कार्यमंत्री आलमगीर आलम ने भाजपा के चारों निलंबित विधायकों के निलंबन को वापस लेने का प्रस्ताव रखा गया। संसदीय कार्य मंत्री ने कहा कि सरकार यह चाहती है कि विपक्ष सदन में जनहित के मुद्दे और समस्याओं के समाधान को लेकर सकारात्मक सहयोग करें। संसदीय कार्यमंत्री के प्रस्ताव पर विधानसभा अध्यक्ष रबींद्रनाथ महतो ने भाजपा के चारों विधायकों का निलंबन वापस लेने की घोषणा करते हुए कहा कि सहमति और असहमति संसदीय परंपरा का अलंकार है, परंतु विरोध का सयंमित और संसदीय परंपराओं के अनुकूल होना भी अत्यंत ही आवश्यक है। उन्होंने कहा कि किसी भी पीठासीन पदाधिकारी के लिए माननीय सदस्यों को सदन की कार्यवाही से निलंबित किया जाना अत्यंत ही दुःखद है,

परंतु सदन की गरिमा और संवैधानिक परंपराओं की रक्षा के लिए यह कदम कभी-कभी ना चाहते हुए भी उठाना पड़ता है। उन्होंने कहा कि जिन चार सदस्यों भानू प्रताप शाही, ढुल्लू महतो, जय प्रकाश भाई पटेल और रणधीर कुमार सिंह को 4 अगस्त तक सदन से निलंबित किया गया था, उन सभी का तत्काल प्रभाव से उनका निलंबन समाप्त किया जाता है।