जानिये कैसे देता है आपका शरीर विटामिन डी की कमी का संकेत

यह तो हम सभी जानते हैं कि विटामिन डी शरीर के लिए बेहद आवश्यक है। इसके कारण आपके शरीर के अन्य पोषक तज्व जैसे कैल्शियम आदि शरीर में अब्जार्ब होते हैं। अगर आप विटामिन डी की सही मात्रा न लें तो इससे अन्य पोषक तत्व भी आपके शरीर को लाभ नहीं पहुंचाते। चूंकि विटामिन डी का एक मुख्य स्त्रोत सूरज की किरणें हैं तो ऐसे में आपको समझ नहीं आता कि आप कितनी मात्रा में विटामिन डी लें। जिसके कारण शरीर में विटामिन डी की कमी हो जाती है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपका शरीर भी खुद विटामिन डी की कमी के संकेत देता है। तो चलिए जानते हैं इसके बारे में-

होते हैं मूड स्विंग्स

विटामिन डी की कमी आपके मूड पर गहरा प्रभाव डालती है। विटामिन डी की कमी के कारण न सिर्फ बार-बार मूड स्विंग्स होते हैं, बल्कि अवसाद होने की संभावना काफी हद तक बढ़ जाती है। कुछ शोध बताते हैं कि जिन लोगों के शरीर में विटामिन डी की कमी होती है, उनके आम लोगों की अपेक्षा ग्यारह गुना अधिक अवसादग्रस्त होने की संभावना रहती है।

प्रभावित होता पाचन तंत्र

विटामिन डी आपके पाचन तंत्र को भी प्रभावित करने की क्षमता रखता है। दरअसल, विटामिन डी वसा में घुलनशील विटामिन है। लेकिन जब हमारे जठरांत्र शरीर में मौजूद वसा को अवशोषित नहीं करता तो पाचन में गड़बड़ होती है। इस प्रकार विटामिन डी की कमी से शरीर को वसा को अवशोषित करने में परेशानी का सामना करना पड़ता है।

हड्डियों में दर्द की शिकायत

जैसा कि हमने आपको बताया है कि विटामिन डी कैल्शियम के अब्जार्बशन में अहम भूमिका निभाता है। अगर शरीर में विटामिन डी की कमी होती है तो कैल्शियम युक्त आहार लेने के बाद भी आपकी हड्डियों में कमजोरी व दर्द की शिकायत होती है। याद रखिए कि अगर शरीर में कैल्शियम, फास्फोरस व विटामिन डी सही अनुपात में काम नहीं करते तो हड्डियों में दर्द की शिकायत शुरू हो जाती है।

सिर में लगातार आता पसीना

अगर आपके सिर में लगातार पसीना आता है तो यह एक इशारा है कि आपके शरीर में विटामिन डी की कमी हो गई है। खासतौर से, यदि नवजात शिशुओं को पर्याप्त मात्रा में विटामिन डी प्राप्त नहीं होता तो उनमें यह लक्षण देखा जाता है।