इस तरह घर में बनाएं फेस मास्क, मिलेगा स्किन को इस समस्या से छुटकारा

तेलीय त्वचा वाले लोगो के आँखों के नीचे काले घेरे होने की संभावना ज्यादा रहती है। वैसे हमारी त्वचा को नर्म रहने के लिए कुछ तेल की आवश्यकता होती है लेकिन जब ग्रंथिया जरूरत से ज्यादा तेल उत्पन्न करती हैं तो त्वचा तेलीय हो जाती है। वैसे तेलीय त्वचा का फायदा भी है और वह यह है की तेलीय त्वचा पर झुरियाँ काफी लेट पड़ती हैं। आमतौर पर हमारे हार्मोन्स इसके लिए जिम्मेदार होते हैं की ग्रंथिया कितने तेल का उत्पादन करेंगी।

आइये अब जानते हैं की कैसे तेलीय त्वचा से छुटकारा पाएं

दो चम्मच बेसन, एक-चौथाई चम्मच पीसी हुई हल्दी लें उसमे एक चम्मच दही,  दस बूँदें गुलाब-जल और एक चम्मच ताज़ा नीम्बू का रस मिलाकर गाढ़ा लेप बना लें। इस लेप को अपने चेहरे और गर्दन पर लगा लीजिये। इसके सूखने के बाद हाथों से रगड़ कर उतार लें और फिर ठन्डे पानी से धो लें। इस नुस्खे का प्रयोग एक दिन छोड़कर एक दिन करने से कुछ ही समय में तैलीय त्वचा का अतिरिक्त तेल कम होकर त्वचा निखर उठती है।

एक चम्मच मुल्तानी मिट्टी में एक चम्मच दूध और एक चम्मच सिरका मिला कर लेप बनाइये। इसे अपने चेहरे पर फेस मास्क की तरह अच्छी तरह से लगा लें। इसके सूख जाने के बाद इसे ठन्डे पानी से धो लें। इस नुस्खे को आप हफ्ते में 2 बार करके तैलीय त्वचा में चमत्कारिक रूप से निखार पा सकते हैं।

एक चम्मच मुल्तानी मिट्टी, एक चम्मच चंदन पाउडर लें और इसमे एक चम्मच संतरे का रस,  4-5 बूंद नींबू का रस और कुछ बूंदें गुलाब जल की मिलाकर कर थोड़ी देर के लिए ठंडी जगह रख दें। इसे चेहरे पर लगाकर 15-20 मिनट के लिए छोड़ दें। इसके बाद पानी से इसे धो दें। यह तैलीय त्वचा का सबसे अच्छा उपाय है।

गेहूं का आटा दो चम्मच, शहद एक चम्मच और दही दो चम्मच मिलाकर गाढ़ा लेप बना लें। अब इसे हल्के हाथों से अपने चेहरे पर लगाइए और जब यह सूख जाए तो इसे ठन्डे पानी से धो लीजिये। इस नुस्खे का रोजाना इस्तेमाल करने से तैलीय त्वचा खिल उठती है और चेहरे में चमक भी आने लगती है।

मुल्तानी मिट्टी में दही और पुदीने की पत्तियों का पाउडर मिला कर उसे आधे घंटे तक रखा रहने दें, फिर अच्छे से मिलाकर चेहरे और गर्दन पर लगाएं। सूखने पर हल्के गर्म पानी से धो दें। यह तैलीय त्वचा से चिकनाई को दूर रखने का कारगर नुस्खा है।

तैलीय त्वचा को भी मॉयस्चराइजर की जरूरत होती है और शहद एक बेहतरीन कुदरती मॉयस्चराइजर होता है। इसे चेहरे पर 15 मिनट लगाएं और फिर धो लें। यह त्वचा की जलन, मुंहासे और कालेपन को तो दूर करता ही है, साथ मे उसे कांतिमय और लचीली बनाता है।

एक पका हुआ पपीता का गूदा लें, इस पर आधा नींबू निचोड़ कर इसका मिक्स बनाकर फेस पे अच्छी तरह से मसाज करें और फिर इसे 15से 20 मिनट के लिए रहने दें और बाद मे कोल्ड वोटर से अच्छे से साफ कर लें। यह नुस्खा तेल को बहुत अच्छी तरह से नियंत्रित करता है।

एक चम्मच नींबू का रस, एक चम्मच गुलाब का जल और पिसाई किया हुआ मिंट यानी पुदीना लेकर उन्हें मिला लें और एक घंटे के लिए रख दें। फिर इसे अपने चेहरे पे लगाकर 20 मिनट बाद धो लें। इससे आपके फेस का चिपचिपापन दूर हो जाएगा।

तेलीय त्वचा वालों को दिन मे दो बार चेहरे को अच्छे से धोना चाहिए, इसके लिए आप किसी बढ़िया फ़ेसवाश का इस्तेमाल कर सकते हैं और हफ्ते मे एक या दो बार स्कर्ब करना चाहिए। इन नुस्खों के अलावा अपनी दिनचर्या मे भी बदलाव लाएँ। अपने दैनिक आहार में प्रोटीन से समृद्ध भोजन शामिल करें। अपने आहार में बहुत सारे पत्तेदार सब्जियां और फलों को जोड़ें। विटामिन बी 2 त्वचा पर तेल के अतिरिक्त उत्पादन को रोकने में सहायता करता है, इसलिए विटामिन बी 2 से युक्त भोजन जैसे कि कम वसा युक्त दूध, दही, पनीर, अंडे, बीन्स, जौ, सोया आदि को आहार मे शामिल करें। इसके अलावा तले हुए भोजन(वसा युक्त भोजन), चीनी व अल्कोहल आधारित पेय पदार्थ का सेवन बहुत कम करें।