Breaking News
Home / ट्रेंडिंग / रायसीना डायलॉगः अमेरिका और ईरान के बीच भारत की भूमिका होगी महत्वपूर्ण

रायसीना डायलॉगः अमेरिका और ईरान के बीच भारत की भूमिका होगी महत्वपूर्ण

अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ रहे तनाव के बीच में ईरानी विदेश मंत्री जावेद जरीफ ने कहा भारत तनाव को कम करने में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। क्योंकि भारत एक महत्वपूर्ण पक्ष रखता है।

ईरान और अमेरिका दोनों के साथ उसके संबंध बहुत सही है। साथ ही ईरान और अमेरिका दोनों के बीच मौजूदा स्थिति अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खतरनाक है। इसलिए भारत को आगे बढ़कर महत्वपूर्ण भूमिका निभानी चाहिए।

Loading...

रायसीना डायलॉग अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम 2020 के दूसरे दिन 15 जनवरी को जरीफ ने अमेरिका के ऊपर वादा तोड़ने और अंतरराष्ट्रीय नियमों को तोड़ने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि डोनाल्ड ट्रंप और विदेशी मंत्री माइक पॉम्पियो सुलेमानी की हत्या का जश्न मना रहे हैं। इनके साथ ही अमेरिका आतंकवादी संगठन आईएस के साथ भी मिला हुआ है।

आज आईएस एक नया गठबंधन बनकर सामने आ रहा है। अमेरिका आईएस से समझौता कर रहा है। उसने इराक के ऊपर भी मनमर्जियां चलाई है जो गलत है|

जावेद जरीफ ने सुलेमानी के द्वारा अमेरिकी दूतावास पर हमला करने की साजिश के अमेरिकी आरोप को पूरी तरह से खारिज किया। उन्होंने कहा कि जनरल सुलेमानी की मौत के बाद लाखों लोग सड़क पर उतर आए। सिर्फ इरान में ही नहीं विश्व के कई देशों में इसे लेकर विरोध प्रदर्शन प्रदर्शन हुए। ईरान के द्वारा की गई कार्यवाही अपने आत्म रक्षा के लिए थी. अमेरिका को नुकसान पहुंचाने के लिए नहीं।

इन सारे वाद विवादों के दौरान भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर ने भारत की जागरूकता का प्रदर्शन किया। रायसीना डायलॉग सम्मेलन भारत की तरफ से पक्ष रखते हुए एस जयशंकर प्रसाद ने यह शब्द कहे। ” भारत का तरीका कभी भी व्यवधान डालने वाला नहीं है। भारत कई मामलों में पुराने छवियों में कैद होकर रह गया है, इस छवि से बाहर निकलना जरूरी है।

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर किसी भी तरह की गड़बड़ी करना, स्वार्थी व्यापार करना या वाद-विवाद करना भारत का तरीका नहीं है। हम वैश्विक मामलों में खुद को बचाने से ज्यादा, निर्णय लेने पर यकीन रखते हैं।”

Loading...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *