होम आइसोलेशन में सावधानी के प्रति फैलाने जागरुकता: शिवराज

मध्यप्रदेश में कोरोना के बढ़ते संक्रमण के बीच आज मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आपदा प्रबंधन समूह के सदस्यों से चर्चा में कहा कि इस लहर में मरीज अस्पताल में कम और होम आइसोलेशन में ज्यादा है, इसलिए हमें होम आइसोलेशन में सावधानी के प्रति जागरूकता फैलानी होगी।

चौहान निवास से वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से जिला, विकासखंड, वार्ड तथा ग्राम स्तरीय क्राइसिस मैनेजमेंट कमेटी के सदस्यों के साथ चर्चा कर रहे थे।उन्होंने कहा कि कोविड के 3.3 प्रतिशत मरीज ही एडमिट हैं, चिंता नहीं करना है, लेकिन असावधान भी नहीं होना है, व्यवस्थाएं बेहतर बनाकर रखें। उन्होंने कहा कि इस लहर में सबसे जरूरी है होम आइसोलेशन, इसलिए होम आइसोलेशन में सावधानी के प्रति जागरूकता फैलाने की आवश्यकता है।

मुख्यमंत्री ने इसके साथ ही कहा कि टीकाकरण के लिए शत-प्रतिशत लोगों को कवर किया जाये। कार्य के लिए बाहर जाने वाले लोगों की संख्या की पुष्टि करें। माइग्रेटेड लोगों की सूची बनाएं। उन्होंने कहा कि टीकाकरण सबसे बड़ी सुरक्षा है। इसकी ग्राम स्तर तक समीक्षा हो। सभी जन प्रतिनिधि इस अभियान से जुडें।सभी के प्रयत्नों और सामूहिक सहयोग से अच्छे परिणाम मिलेंगे। इस दौरान चौहान ने प्रदेश में टीकाकरण की स्थिति की भी जानकारी ली।

उन्होंने कहा कि वैक्सीनेशन के कार्य में लापरवाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। घर-घर दस्तक दें, टीकाकरण का कार्य पूर्ण हो। वैक्सीन ही कोविड से सुरक्षा का मजबूत कवच है। बैठक में मुख्यमंत्री ने इंदौर में निजी तौर पर अधिक टेस्ट की जानकारी मिलने पर निर्देश देते हुए कहा कि यदि प्रायवेट रूप से टेस्ट हों तो उन्हें भी रिकॉर्ड में लिया जाए। उन्होंने कहा कि कोविड से तीसरी लहर से मुकाबले की तैयारी चाक-चौबंद और व्यवस्थाएं दुरुस्त रखें। टीकाकरण का कार्य निरंतर जारी रहे।

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