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ये टिप्स अपनाएं और दिल की बीमारियों पर लगाम लगाएं

आजकल खान-पान की वजह से दिल की बीमारियां हो रही है, जो समय रहते जीवनशैली में सुधार किया जाएं तो यह बीमारियां आपके पास नहीं भटकेगी। आज कुछ आपको ऐसे टिप्स बता रहे है जिन्हें बदल कर दिल के दौरे को टाला जा सकता है। लाइफ स्टाइल संबंधी कुछ सुधार में धूम्रपान, डिस्लिपडेमिया, हाइपरटेंशन, डायबिटीज, पेट का मोटापा, साइकोसोशल फैक्टर, नियमित तौर पर शराब का सेवन, आहार में फल और सब्जियों की कमी और एक ही जगह बैठे रहने वाली लाइफ स्टाइल शामिल हैं।

90 फीसदी लोगों को इनसे से किसी या कुछ चीजों के कारण से दिल का दौरा पड़ता है। इन बुरी आदतों में सुधार करके आने वाली दिल की बीमारियों से बचा जा सकता है। डॉक्टरों के मुताबिक घर पर दिल को सेहतमंद बनाने वाली आदतें अपना कर दिल की अधिकतर बीमारियों को कम किया जा सकता है।

बच्चों को शुरू से ही धूम्रपान के बुरे प्रभाव के बारे में जागरूक किया जाना चाहिए, स्वास्थ्य आहार तथा नियमित व्यायाम के फायदे बताने चाहिए। बच्चों को भविष्य में अपनाई जाने वाली आदतों को प्रभावित करने में मां-बाप अहम रोल निभा सकते हैं। अगर मां-बाप धूम्रपान करते हो, तनावपूर्ण तथा सुस्त जीवन बिताते हो तो बच्चों में भी यह आदतें पड़ जाएगी।

ये टिप्स अपनाएं –

दिल की बीमारियों से बचने के लिए सेहतमंद खाद्य पदार्थों के विकल्प घर पर रखने चाहिए।

जंक और पैकेटबंद खाना खाने से परहेज करना चाहिए, उसमें अत्यधिक चीनी, वसा तथा नमक होता है।

ताजा फल तथा सब्जियों को अपने आहार में शामिल करना चाहिए। मीठा खाने की इच्छा को आम और दूसरे मीठे फल खाकर पूरी करनी चाहिए।

घर पर अपने खाने के लिए और बच्चे के टिफिन के लिए सेहतमंद और सृजनात्मक लंच बनाना चाहिए।

घर पर धूम्रपान करने पर पूरी तरह से रोक लगाएं, इससे न सिर्फ आपका स्वास्थ्य अच्छा रहेगा, बल्कि बच्चों की सेहत भी ठीक रहेगी और वे इस आदत को अपनाने के प्रति उत्साहित भी नहीं होंगे। धूम्रपान छोड़ कर आप अपने बच्चों के लिए बेहतर आदर्श बन सकते हैं।

टीवी देखने तथा वीडियो गेम खेलने के घंटे कम और निश्चित करना चाहिए और शारीरिक गतिविधियों को अपनाएं।

साइकिल चलाना, पहाड़ पर चढऩा और बाग में खेलने जैसे गतिविधियों में भाग लेना चाहिए।

स्वास्थ्य सलाहकार के पास जाकर अपना रक्तचाप, कॉलेस्ट्राल, ग्लोकोज स्तर, वजन तथा बॉडी मास इंडेक्स की जांच करवाना चाहिए और अपने खतरों की जानकारी लेना चाहिए।

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