पीरियड्स के दौरान महिलाएं इन खाद्य पदार्थों को करें डाइट में शामिल, कम होगी पेट दर्द की परेशानी

आमतौर पर 13 वर्ष या उससे अधिक उम्र की लड़कियों को पीरियड्स यानी कि माहवारी शुरू हो जाते हैं। ये एक प्राकृतिक प्रक्रिया है जो लगभग 45 से 50 की उम्र में बंद हो जाती है। 3 से 6 दिनों तक चलने वाले इस साइकिल के दौरान महिलाओं को कई तरह की दिक्कतों का भी सामना करना पड़ता है जिसमें पेट में दर्द मुख्य रूप से शामिल हैं। पीरियड्स के दौरान न केवल दर्द बल्कि महिलाओं को असुविधा भी हो जाती है। इस समय लड़कियों व महिलाओं को अपनी डाइट और साफ-सफाई का विशेष रूप से ध्यान रखना चाहिए क्योंकि ढ़ंग का खाना नहीं खाने से पेट दर्द, सिर चकराना, सिर दर्द और दस्त जैसी परेशानियां हो सकती हैं। ऐसे में डाइट में इन्हें शामिल करने से होगा फायदा –

फल और पत्तीदार सब्जियां: जिन महिलाओं में मेन्स्ट्रुअल फ्लो हैवी होता है, उनके शरीर में आयरन का स्तर अपने आप ही कम हो जाता है। अक्सर इस कारण बॉडी पेन, थकान और डिजीनेस जैसी दिक्कतें हो सकती हैं। इन परेशानियों को दूर करने में हरी सब्जियां सक्षम हैं। इसके साथ ही, तरबूज और खीरे को भी डाइट में शामिल करना चाहिए। वहीं, मीठे की क्रेविंग होने पर मीठे फलों का सेवन बेहतर होगा।

अदरक वाली चाय: पीरियड्स के दर्द में अदरक खाना बहुत फायदेमंद रहता है। आप चाहें तो अदरक के छोटे-छोटे टुकड़ों को पानी में उबालकर पी सकती हैं। इससे दर्द में आराम मिलेगा और साथ ही शरीर में होने वाली ऐंठन भी कम होगी। इसमें मौजूद एंटी-इन्फ्लामेट्री गुण मांसपेशियों को आराम पहुंचाता है।

चिकेन और मछली: ओवरॉल हेल्थ के लिए प्रोटीन का सेवन बहुत जरूरी होता है, इससे ज्यादा समय तक पेट भरा रहेगा। ऐसे में चिकेन और मछली खाने से शरीर में आयरन और प्रोटीन की पूर्ति होती है। साथ ही इसमें ओमेगा 3 फैटी एसिड्स भी होते हैं। माहवारी के दौरान आयरन का स्तर कम न हो, चिकेन और मछली ये भी सुनिश्चित करता है।

नट्स और डार्क चॉकलेट: पीरियड्स के दौरान डार्क चॉकलेट खाना बहुत ही फायदेमंद और आरामदायक होता है। ये मैग्नीशियम और आयरन से भरपूर होता है। वहीं, नट्स भी इस दौरान खाना बहुत जरूरी है। इसमें मौजूद पोषक तत्व पीरियड्स क्रैम्प्स को दूर करने में भी मददगार हैं।

यह भी पढ़े-

Shehnaaz Gill ने दुल्हन बनकर खूब लगाए ठुमके, Sidharth Shukla के फैंस ने भी कर डाली खुराफात